
एक्सपर्ट मीडिया न्यूज डेस्क। हर घर रसोई में इस्तेमाल होने वाले मसाले सिर्फ स्वाद और खुशबू तक सीमित नहीं हैं, बल्कि इनमें से कई आयुर्वेदिक गुणों से भी भरपूर माने जाते हैं। ऐसा ही एक मसाला है तेज पत्ता, जो दाल-सब्ज़ी को लाजवाब फ्लेवर देने के साथ-साथ सेहत के लिए भी बेहद उपयोगी है।
आमतौर पर तेज पत्ते का काढ़ा या चाय पीने की सलाह दी जाती है, लेकिन बहुत कम लोग जानते हैं कि रात में सिर्फ दो तेज पत्ते जलाना भी शारीरिक और मानसिक स्वास्थ्य के लिए फायदेमंद हो सकता है।
तनाव और बेचैनी को करता है दूरः आज की भागदौड़ भरी जिंदगी में तनाव लगभग हर किसी की समस्या बन चुका है। काम का दबाव, मोबाइल स्क्रीन और नींद की कमी दिमाग को लगातार थका देती है। ऐसे में रात को सोने से पहले दो सूखे तेज पत्ते जलाने से निकलने वाली तेज खुशबू मन को शांत करने में मदद कर सकती है।
माना जाता है कि इसका स्ट्रॉन्ग अरोमा दिमाग को रिलैक्स करता है, जिससे तनाव कम होता है और नींद भी बेहतर आती है।
इम्यून सिस्टम को देता है मजबूतीः तेज पत्ता एंटीऑक्सीडेंट्स, विटामिन और मिनरल्स से भरपूर माना जाता है। परंपरागत मान्यताओं के अनुसार, इसके धुएं को हल्के रूप में इनहेल करने से शरीर की रोग प्रतिरोधक क्षमता को मजबूती मिल सकती है। बदलते मौसम में बार-बार बीमार पड़ने वालों के लिए यह एक घरेलू उपाय के रूप में देखा जाता है।
संक्रमण के खतरे को करता है कमः पुराने समय में घरों को शुद्ध रखने के लिए तेज पत्ते और अन्य जड़ी-बूटियों का धुआं किया जाता था। ऐसा माना जाता है कि तेज पत्ते का धुआं हवा में मौजूद दूषित कणों को कम करने में सहायक होता है।
नियमित रूप से शाम के समय घर में हल्का धुआं करने से वातावरण को साफ रखने और संक्रमण के जोखिम को घटाने में मदद मिल सकती है।
घर को बनाए खुशबूदार, मच्छर-कॉकरोच से राहतः अगर आप केमिकल वाले रूम फ्रेशनर से बचना चाहते हैं, तो तेज पत्ता एक नेचुरल विकल्प हो सकता है। इसे कमरे या रसोई के किसी कोने में जलाने से घर में हल्की-सी प्राकृतिक खुशबू फैलती है। साथ ही इसकी गंध मच्छरों और कॉकरोचों को दूर रखने में भी सहायक मानी जाती है।
सूजन कम करने में भी सहायकः तेज पत्ते में मौजूद यूजेनॉल नामक तत्व को प्राकृतिक एंटी-इन्फ्लेमेटरी माना जाता है। लोक मान्यताओं के अनुसार, इसके धुएं के संपर्क में आने से जोड़ों या शरीर की हल्की सूजन में कुछ राहत मिल सकती है, खासकर बुजुर्गों के लिए यह घरेलू उपाय उपयोगी माना जाता है।
नोट: ये लाभ पारंपरिक अनुभवों और कुछ वैज्ञानिक अध्ययनों पर आधारित हैं। किसी भी गंभीर स्वास्थ्य समस्या में डॉक्टर की सलाह जरूर लें।
स्रोत: मुकेश भारतीय / वैज्ञानिक शोध









