
रांची/लोहरदगा (एक्सपर्ट मीडिया न्यूज)। झारखंड की खेल धरती एक बार फिर क्रिकेट के रोमांच से सराबोर होने जा रही है। लोहरदगा में आयोजित विशेष क्रिकेट टूर्नामेंट में हिस्सा लेने पूर्व भारतीय दिग्गज हरभजन सिंह और वीरेन्द्र सहभाग रांची पहुंचे। बिरसा मुंडा एयरपोर्ट पर क्रिकेट प्रेमियों का उत्साह देखते ही बन रहा था।
एयरपोर्ट पर सौरभ तिवारी (जेएससीए सचिव) और उपाध्यक्ष संजय पांडेय ने हरभजन सिंह का स्वागत किया, जबकि पूर्व विस्फोटक बल्लेबाज सहवाग का स्वागत राज्यसभा सांसद दिलीप प्रसाद साहू ने किया। खिलाड़ियों के आगमन से राजधानी का खेल माहौल अचानक उत्सवी रंग में रंग गया।
पाकिस्तान का यू-टर्न तय था- हरभजन सिंहः भारतीय क्रिकेट को कई ऐतिहासिक जीत दिलाने वाले ‘टर्बनेटर’ हरभजन सिंह ने रांची पहुंचते ही मीडिया से खुलकर बातचीत की। उन्होंने आगामी ICC Men’s T20 World Cup और भारत-पाकिस्तान मुकाबले को लेकर बेबाक राय रखी।
भारत फिर बनेगा चैंपियनः हरभजन ने कहा कि भारतीय टीम मौजूदा समय में शानदार फॉर्म में है और संतुलित भी। “टीम इंडिया को हराना किसी भी टीम के लिए आसान नहीं होगा। पिछले संस्करण की तरह इस बार भी भारत ट्रॉफी जीतने का प्रबल दावेदार है,” उन्होंने विश्वास जताया।
भारत से नहीं खेलने का फैसला सिर्फ ड्रामाः पाकिस्तान द्वारा भारत के खिलाफ खेलने से पहले इंकार और बाद में सहमति देने के मुद्दे पर हरभजन ने साफ कहा, “यह यू-टर्न तय था। आईसीसी के दबाव और संभावित आर्थिक नुकसान को देखते हुए पाकिस्तान को झुकना ही पड़ा। यह सब एक तरह का ड्रामा था।”
15 फरवरी: दबाव किस पर? 15 फरवरी को होने वाले भारत-पाक मुकाबले पर उन्होंने कहा कि दबाव स्पष्ट रूप से पाकिस्तान पर रहेगा। टी-20 विश्व कप में दोनों टीमों के बीच अब तक खेले गए आठ मुकाबलों में से सात भारत ने जीते हैं। उन्होंने कहा कि रिकॉर्ड खुद बताता है कि मानसिक बढ़त भारत के पास है।
कोलंबो में स्पिन का जादूः भारत-पाक का बहुप्रतीक्षित मुकाबला कोलंबो में प्रस्तावित है। हरभजन का मानना है कि वहां की पिच शुरुआती ओवरों में बल्लेबाजों के लिए मददगार और बाद में स्पिनरों के लिए अनुकूल रहती है। उन्होंने कहा कि इस मैच में भारतीय स्पिनरों की भूमिका निर्णायक हो सकती है।
उन्होंने विशेष तौर पर वरुऩ चक्रवर्ती और अक्षय पटेल का नाम लेते हुए कहा कि कोलंबो में इनसे बड़ी उम्मीदें रहेंगी।
लोहरदगा में क्रिकेट का उत्सवः लोहरदगा में आयोजित यह टूर्नामेंट सिर्फ एक खेल आयोजन नहीं, बल्कि झारखंड के युवाओं के लिए प्रेरणा का मंच भी है। हरभजन और सहवाग जैसे दिग्गजों की मौजूदगी स्थानीय खिलाड़ियों के उत्साह को कई गुना बढ़ा रही है। खेल विशेषज्ञों का मानना है कि ऐसे आयोजन राज्य में क्रिकेट संस्कृति को नई ऊर्जा देंगे।
रांची में दिग्गजों की मौजूदगी ने यह संकेत दे दिया है कि झारखंड की धरती पर क्रिकेट का जुनून अब और परवान चढ़ने वाला है। अब सबकी नजरें लोहरदगा के मैदान पर टिकी हैं, जहां अनुभव और जुनून का अनोखा संगम देखने को मिलेगा।
समाचार स्रोतः मुकेश भारतीय/मीडिया रिपोर्टस्





