वरिष्ठ पत्रकार मधुकर बोले- कैशलेस ट्रांजिक्शन में सजगता के साथ बरतें सावधानी

रांची। “सरकार का प्रयास है कि कालाधन पर रोक लगे। इसके लिये प्लास्टिक कार्ड से कैशलेस ट्रांजिक्शन जरुरी है। आदत बनाने के पहले मजबूरी बोलना सही नहीं होगा। जमाने के साथ बदलाव लाना जरुरी है।”

उक्त बातें राज्य ग्रामीण विकास संस्थान,रांची (सर्ड) द्वारा ओरमांझी प्रखंड मुख्यालय सभागार में पंचायत प्रतिनिधियों के तीन दिवसीय प्रशिक्षण शिविर के दूसरे दिन वरिष्ठ पत्रकार मधुकर जी ने कही।

madhukar_-jp-jha2उन्होंने जीवन व्यापार के लिये टेक्नोलॉजी को जरुरी बताया और कहा कि हम भारतीय किसी पर भी विश्वास कर लेते हैं और ठगे जाते हैं। भरोसा और विश्वास करनी हमारी कमजोरी नहीं बल्कि भारतीय संस्कार की मजबूती है।

श्री मधुकर ने कहा कि लोग अधिक से अधिक पैसे जमा कर भोग करना चाहते हैं लेकिन, ईमानदारी से कम खाकर चैन की नींद सोना ही असली सुख है।

madhukar_-jp-jha1उन्होनें शिविर में उपस्थित पंचायत प्रतिनिधियों के कैशलेस ट्रांजिक्शन से जुड़े सबालों का बड़ा बेबाकी से जबाव दिया और कहा कि सरकार की मंशा जो भी रही हो लेकिन अचानक जो निर्णय थोप दिये गये हैं, उससे हर व्यक्ति को खुद ही निकलना होगा। कैशलेस प्रक्रिया काले कारोबार पर लगाम लगा सकती है, वशर्ते इसका उपयोग सावधानी और सजगतापूर्वक किया जाये।

इस मौके पर रांची दूरदर्शन केन्द्र के निदेशक जेपी झा ने कहा कि पहले के लोग अशिक्षित  लेकिन वेबकूफ नहीं। आज भी हमारे बुजुर्ग शिक्षित लोगों से ज्यादा अनुभवी हैं।

उन्होंने कई उदाहरण के माध्यम से कैशलेस ट्रांजिक्सन के महत्व पर प्रकाश डालते हुये कहा कि 1984 से पूर्व भारत में किसी के पास मोबाईल नहीं थे। अपग्रेड होने के लिये किसी डिग्री की नहीं बल्कि आत्मविश्वास के साथ कदम बढ़ाने की जरुरत है।

इस मौके पर सर्ड की प्रशिक्षिका मीनी शर्मा, ओरमांझी प्रखंड प्रभारी प्रमुख जयगोविंद साहु आदि लोग उपस्थित थे।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

loading...
Loading...